September 21 2025: पेट्रोल डीजल की कीमत मे भारी गिरावट यूपी
Introduction : – September 21 2025 के दिनांक में भारत के कुछ शहरों में पेट्रोल और डीजल की कीमत की गिरावट में पहले से काफी ज्यादा महंगाई है जो 100के आस पास है कई शहरों में कही कम कही ज्यादा एक रेत कही पे भी है आज कल लोगो की संख्या बढ़ रही तो गाड़ी कार सारी यंत्र हो गए हर घर में इससे पेट्रोल डीजल की कमी के कारण ज्यादा कोई उपयोग न करे इसलिए पेट्रोल डीजल का रेट बढ़ा दिया गया है । आगे के पेज में आपको सारी जानकारी मिल जाएगी नीचे दिए गए लाइनों में देखे क्या रेट में है देखे आपकी आंखें खुली की खुली रह जाएगी।

पेट्रोल: उत्तर प्रदेश में लगभग ₹94.60-₹95.10 प्रति लीटर के बीच है। कभी कम कभी ज्यादा जैसे जनता बढ़ती है वैसे ही हर तरह के उपयोग सामान में घटती बढ़ती प्राइस देखेंगे।IND vs OMA 2025:का रोमांचक मुकाबला
डीज़ल: कीमत लगभग ₹87.80-₹88.25 प्रति लीटर है। देखा जाय तो पेट्रोल से डीजल कम है लेकिन कम हुआ है 20 से September 21 2055 में आज कम हुआ हैं ।
विशेष रूप से, लखनऊ में डीजल की कीमत ₹87.81 प्रति लीटर है।
September 21 2025 कानपुर में पेट्रोल का आंकड़ा मिल नहीं रहा है वहीं आंकड़ा लखनऊ के आस पास है 89.16 प्रति लीटर है।
वहीं अगर देखा जाय तो आगरा का प्राइस है 87.64 प्रति लीटर है।
कीमतों का ट्रेंड और झुकाव :a
September 21 2025 में पेट्रोल की कीमतें सितंबर महीने में हल्की गिरावट पर थीं; शुरुआती दिनों में क़रीब ₹95.08-₹95.15 के आसपास, बाद में कुछ मामूली कमी देखी गई।
डीजल की कीमतें भी काफी स्थिर रहीं, बड़े उतार-चढ़ाव नहीं हुए। सितंबर की शुरुआत में लगभग ₹88.20 के करीब, बाद में थोड़ा नीचे आकर लगभग ₹88.18-₹88.25 के बीच — मामूली गिरावट।

कीमतों को प्रभावित करने वाले प्रमुख कारण:
1. कच्चे तेल की अंतरराष्ट्रीय कीमतें
जब ब्रेंट क्रूड सहित अन्य अंतरराष्ट्रीय बाजारों में कच्चे तेल की कीमत बढ़ती है, तो यह आयातित तेल की लागत को बढ़ाती है, जिससे पेट्रोल-डीजल के रिटेल दामों पर असर पड़ता है।
2. ₹-वैश्विक मुद्रा दर (USD/INR एक्सचेंज रेट)
क्योंकि भारत को अधिकांश कच्चा तेल डॉलर में ही खरीदना पड़ता है, डॉलर की मजबूती या रुपये की कमजोरी ईंधन की लागत को बढ़ाती है।
3. कर (टीक्स), वैट और डीलर कमीशन
केंद्र सरकार तथा राज्य सरकार (उत्तर प्रदेश) द्वारा लगाए जाने वाले उत्पाद शुल्क, वैट तथा डीलर कमीशन भी कुल कीमत का एक बड़ा हिस्सा है। कभी-कभी राज्य सरकार द्वारा कर दरों में बदलाव से कीमतों में मामूली वृद्धि या कमी होती है।
4. आपूर्ति-श्रृंखला, वितरण लागत एवं परिवहन खर्च
तेल के रिफाइनरी से पंप स्टेशनों तक पहुंचने में लागत होती है — परिवहन (ट्रांसपोर्ट) लागत, स्टोरेज, लॉजिस्टिक्स इत्यादि — ये सभी अंतिम उपभोक्ता दामों को प्रभावित करते हैं।
5. राजनीतिक और भौगोलिक कारण
अंतरराष्ट्रीय संघर्ष, तेल निर्यातक देशों की नीतियाँ, OPEC की बैठकों के निर्णय, या अन्य भूराजनीतिक घटनाएँ तेल आपूर्ति को प्रभावित कर सकती हैं।

क्या आम जनता के लिए ये दाम भारी हैं?
पेट्रोल-डीजल की कीमतों में हल्की गिरावट होने के बावजूद, ये अभी भी लंबे समय से उच्च स्तर पर ही हैं, खासकर उन लोगों के लिए जो रोज-मर्रा यात्रा, छोटे व्यापार या परिवहन क्षेत्र से जुड़े हैं।
सार्वजनिक परिवहन और लॉजिस्टिक कंपनियों पर दामों में उतार-चढ़ाव का सीधा प्रभाव आता है, जिससे सामानों की कीमतों पर दबाव पड़ सकता है।
आगे की संभावनाएँ (क्या होगा अगला
यदि अंतरराष्ट्रीय Crude Oil की कीमतों में गिरावट होती है, या डॉलर की तुलना में रुपया मजबूत हो जाता है, तो पेट्रोल-डीजल की कीमतों में और कमी संभव है।
इंडिया में पेट्रोल का भाव दूसरी तरफ, यदि विदेशों से तेल आयात की लागत बढ़ती है, करों में वृद्धि होती है या कोई आपूर्ति बाधा उत्पन्न होती है, तो कीमतों में वृद्धि हो सकती है।
निष्कर्ष:
September 21 2025 राज्य सरकारें कर-दर में बदलाव कर सकती हैं, जो कीमतों पर अहम असर डालेंगे। इस पोस्ट में उम्मीद करते है आज की पेट्रोल डीजल की कुछ ही शहरों की जानकी मिल गई होगी अगर आपको अच्छी लगी हो तो दोस्तो के पास शेयर करे लाइक ।






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